भारत की सबसे लंबी नदी कौन सी है? | Bharat Ki Sabse Lambi Nadi 2025

भारत की सबसे लंबी नदी – गंगा

भारत की सबसे लंबी नदी कौन सी है? यह प्रश्न अक्सर प्रतियोगी परीक्षाओं में पूछा जाता है और इसका उत्तर है – गंगा नदी। गंगा नदी भारत में अपनी 2,525 किलोमीटर की लंबाई के साथ देश की सबसे लंबी नदी है। यदि हम भारत की सीमाओं के भीतर बहने वाली कुल दूरी को देखें, तो गंगा सबसे आगे है।

गंगा नदी की प्रमुख विशेषताएं

उद्गम स्थल: गंगोत्री ग्लेशियर, उत्तराखंड
कुल लंबाई: 2,525 किलोमीटर
बहाव क्षेत्र: उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल
संगम: बंगाल की खाड़ी
मुख्यधारा: देवप्रयाग में भागीरथी और अलकनंदा के संगम से शुरू होती है

गंगा नदी को राष्ट्रीय नदी का दर्जा 2008 में दिया गया था। यह नदी हिंदुओं के लिए अत्यंत पवित्र मानी जाती है और इसे देवी गंगा के रूप में पूजा जाता है। गंगा नदी का बेसिन 65 करोड़ से अधिक लोगों का भरण-पोषण करता है, जो भारत की जनसंख्या का एक बड़ा हिस्सा है।

गंगा नदी के किनारे स्थित प्रमुख शहर

गंगा नदी के तट पर कई महत्वपूर्ण और पवित्र शहर बसे हुए हैं:

  • ऋषिकेश (उत्तराखंड) – योग राजधानी
  • हरिद्वार (उत्तराखंड) – पवित्र तीर्थ स्थल
  • कानपुर (उत्तर प्रदेश) – औद्योगिक केंद्र
  • प्रयागराज (उत्तर प्रदेश) – तीर्थराज, संगम स्थल
  • वाराणसी (उत्तर प्रदेश) – आध्यात्मिक राजधानी
  • पटना (बिहार) – राजधानी शहर
  • भागलपुर (बिहार) – रेशम शहर
  • कोलकाता (पश्चिम बंगाल) – सांस्कृतिक राजधानी

गंगा नदी की सहायक नदियाँ

बाएं किनारे की सहायक नदियाँ:

  • रामगंगा
  • गर्रा
  • गोमती
  • घाघरा
  • गंडक
  • बूढ़ी गंडक
  • कोसी
  • महानंदा

दाहिने किनारे की सहायक नदियाँ:

  • यमुना (सबसे बड़ी सहायक नदी)
  • तमसा (टोंस)
  • सोन
  • पुनपुन
  • किउल
  • कर्मनाशा
  • चंदन

भारत की शीर्ष 10 सबसे लंबी नदियाँ

भारत में कई महत्वपूर्ण नदियाँ बहती हैं। यहाँ भारत की शीर्ष 10 सबसे लंबी नदियों की सूची दी गई है:

1. गंगा नदी (Ganga River)

  • लंबाई: 2,525 किमी (भारत में)
  • उद्गम: गंगोत्री ग्लेशियर, उत्तराखंड
  • संगम: बंगाल की खाड़ी
  • राज्य: उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल

2. गोदावरी नदी (Godavari River)

  • लंबाई: 1,465 किमी
  • उद्गम: त्र्यंबकेश्वर, नासिक, महाराष्ट्र
  • संगम: बंगाल की खाड़ी
  • राज्य: महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश
  • उपनाम: दक्षिण गंगा

गोदावरी नदी को दक्षिण की गंगा भी कहा जाता है। यह दक्षिण भारत की सबसे लंबी नदी है और दूसरी सबसे बड़ी नदी बेसिन बनाती है।

3. कृष्णा नदी (Krishna River)

  • लंबाई: 1,400 किमी
  • उद्गम: महाबलेश्वर, महाराष्ट्र (पश्चिमी घाट)
  • संगम: बंगाल की खाड़ी
  • राज्य: महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश
  • मुख्य सहायक नदियाँ: भीमा, तुंगभद्रा, पंचगंगा, घाटप्रभा

कृष्णा नदी सिंचाई और जल-विद्युत उत्पादन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसके किनारे सांगली और विजयवाड़ा जैसे प्रमुख शहर स्थित हैं।

4. यमुना नदी (Yamuna River)

  • लंबाई: 1,376 किमी
  • उद्गम: यमुनोत्री ग्लेशियर, उत्तराखंड
  • संगम: प्रयागराज में गंगा से मिलती है
  • राज्य: उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश

यमुना गंगा की सबसे लंबी सहायक नदी है। यह नदी समुद्र में सीधे नहीं गिरती, बल्कि गंगा में मिल जाती है। दिल्ली की राजधानी यमुना नदी के किनारे बसी है।

5. नर्मदा नदी (Narmada River)

  • लंबाई: 1,312 किमी
  • उद्गम: अमरकंटक पर्वत, मध्य प्रदेश
  • संगम: खंभात की खाड़ी (अरब सागर)
  • राज्य: मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात

नर्मदा को रेवा के नाम से भी जाना जाता है। यह प्रायद्वीपीय भारत की सबसे बड़ी पश्चिम की ओर बहने वाली नदी है। नर्मदा को मध्य प्रदेश और गुजरात की जीवन रेखा कहा जाता है।

6. सिंधु नदी (Indus River)

  • कुल लंबाई: 3,180 किमी
  • भारत में लंबाई: 1,114 किमी
  • उद्गम: मानसरोवर झील के पास, तिब्बत
  • संगम: अरब सागर
  • भारतीय क्षेत्र: लद्दाख

सिंधु नदी वास्तव में कुल लंबाई में सबसे लंबी है, लेकिन भारत में इसकी लंबाई केवल 1,114 किमी है। इसका अधिकांश भाग पाकिस्तान से होकर बहता है। भारत नाम इसी नदी से लिया गया है। सिंधु घाटी सभ्यता इसी नदी के किनारे फली-फूली थी।

7. ब्रह्मपुत्र नदी (Brahmaputra River)

  • कुल लंबाई: 2,900 किमी
  • भारत में लंबाई: 916 किमी
  • उद्गम: मानसरोवर झील के पास, तिब्बत
  • संगम: बंगाल की खाड़ी (गंगा में मिलकर)
  • भारतीय राज्य: अरुणाचल प्रदेश, असम

ब्रह्मपुत्र भारतीय उपमहाद्वीप की एकमात्र नदी है जिसका लिंग पुरुषवाचक है। इसे तिब्बत में यारलुंग त्संगपो और चीन में सियांग/दिहांग कहा जाता है। माजुली, असम में ब्रह्मपुत्र नदी का एक द्वीप है, जो 2016 में भारत का पहला द्वीप जिला बना।

8. महानदी (Mahanadi River)

  • लंबाई: 890 किमी
  • उद्गम: रायपुर जिला, छत्तीसगढ़
  • संगम: बंगाल की खाड़ी
  • राज्य: छत्तीसगढ़, ओडिशा

महानदी को ऐतिहासिक रूप से “ओडिशा का संकट” कहा जाता था क्योंकि यह बाढ़ लाती थी। हीराकुंड बांध के निर्माण ने स्थिति को काफी सुधार दिया है।

9. कावेरी नदी (Kaveri/Cauvery River)

  • लंबाई: 800 किमी
  • उद्गम: तलाकावेरी, कूर्ग (कोडागु), कर्नाटक
  • संगम: बंगाल की खाड़ी
  • राज्य: कर्नाटक, तमिलनाडु, केरल

कावेरी को दक्षिण की गंगा के नाम से भी जाना जाता है। यह कर्नाटक और तमिलनाडु की जीवन रेखा है। मेट्टूर बांध इस नदी पर बना है।

10. ताप्ती नदी (Tapti River)

  • लंबाई: 724 किमी
  • उद्गम: बैतूल जिला, मध्य प्रदेश (सतपुड़ा पर्वत)
  • संगम: खंभात की खाड़ी (अरब सागर)
  • राज्य: मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात

ताप्ती प्रायद्वीपीय भारत की तीन नदियों में से एक है जो पूर्व से पश्चिम की ओर बहती है।

राज्यवार भारत की सबसे लंबी नदियाँ

भारत के प्रत्येक राज्य में एक या अधिक प्रमुख नदियाँ बहती हैं। यहाँ राज्यवार सबसे लंबी या सबसे महत्वपूर्ण नदियों की सूची दी गई है:

उत्तर भारत के राज्य

उत्तर प्रदेश – गंगा नदी (2,525 किमी)
उत्तराखंड – गंगा नदी (उद्गम राज्य)
बिहार – गंगा नदी
झारखंड – गंगा नदी
पश्चिम बंगाल – हुगली नदी (गंगा की शाखा)
हरियाणा – यमुना नदी
दिल्ली – यमुना नदी
पंजाब – सतलुज नदी, रावी नदी
हिमाचल प्रदेश – सतलुज नदी, रावी नदी
राजस्थान – चंबल नदी
जम्मू और कश्मीर – सिंधु नदी, झेलम नदी

पूर्वी और उत्तर-पूर्वी राज्य

असम – ब्रह्मपुत्र नदी (916 किमी भारत में)
अरुणाचल प्रदेश – ब्रह्मपुत्र नदी (सियांग/दिहांग)
मेघालय – उमंगोट नदी
मणिपुर – बराक नदी
मिजोरम – तलांग नदी
नगालैंड – दिखू नदी
त्रिपुरा – गोमती नदी
सिक्किम – तीस्ता नदी

मध्य भारत के राज्य

मध्य प्रदेश – नर्मदा नदी (1,312 किमी)
छत्तीसगढ़ – महानदी नदी

दक्षिण भारत के राज्य

महाराष्ट्र – गोदावरी नदी (दक्षिण की सबसे लंबी)
आंध्र प्रदेश – गोदावरी नदी
तेलंगाना – गोदावरी नदी
कर्नाटक – कृष्णा नदी, कावेरी नदी
तमिलनाडु – कावेरी नदी (राज्य की सबसे लंबी)
केरल – पेरियार नदी
ओडिशा – महानदी नदी
गोवा – मांडवी नदी

हिमालयी नदियाँ बनाम प्रायद्वीपीय नदियाँ

भारत की नदियों को दो मुख्य श्रेणियों में बांटा जा सकता है:

हिमालयी नदियाँ

विशेषताएं:

  • हिमालय से उत्पन्न होती हैं
  • सदानीरा (बारहमासी) नदियाँ
  • हिमनदों और बर्फ के पिघलने से पानी मिलता है
  • लंबी और गहरी घाटियाँ बनाती हैं
  • उदाहरण: गंगा, यमुना, ब्रह्मपुत्र, सतलुज, सिंधु

मुख्य हिमालयी नदियाँ:

  • गंगा और इसकी सहायक नदियाँ
  • ब्रह्मपुत्र और इसकी सहायक नदियाँ
  • सिंधु और इसकी सहायक नदियाँ

प्रायद्वीपीय नदियाँ

विशेषताएं:

  • प्रायद्वीपीय पठार से उत्पन्न होती हैं
  • वर्षा पर निर्भर (मौसमी)
  • अपेक्षाकृत छोटी और उथली
  • चौड़े डेल्टा बनाती हैं
  • उदाहरण: गोदावरी, कृष्णा, कावेरी, नर्मदा, ताप्ती

मुख्य प्रायद्वीपीय नदियाँ:

  • गोदावरी (दक्षिण की सबसे लंबी)
  • कृष्णा
  • कावेरी
  • नर्मदा
  • ताप्ती
  • महानदी

पूर्व और पश्चिम की ओर बहने वाली नदियाँ

बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली नदियाँ (पूर्व की ओर)

भारत की लगभग 90% नदियाँ पूर्व की ओर बहती हैं और बंगाल की खाड़ी में गिरती हैं:

  • गंगा
  • ब्रह्मपुत्र
  • गोदावरी
  • कृष्णा
  • कावेरी
  • महानदी
  • यमुना (गंगा में मिलकर)

अरब सागर में गिरने वाली नदियाँ (पश्चिम की ओर)

केवल 10% नदियाँ पश्चिम की ओर बहती हैं और अरब सागर में गिरती हैं:

  • नर्मदा
  • ताप्ती
  • सिंधु
  • साबरमती
  • माही
  • पेरियार

भारत की नदियों का महत्व

धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व

भारतीय संस्कृति में नदियों को माता के रूप में पूजा जाता है। सात पवित्र नदियाँ (सप्त सिंधु) हैं:

  1. गंगा
  2. यमुना
  3. सरस्वती (अदृश्य)
  4. गोदावरी
  5. नर्मदा
  6. सिंधु
  7. कावेरी

आर्थिक महत्व

  • कृषि: नदियाँ सिंचाई का मुख्य स्रोत हैं
  • जल-विद्युत: कई बांधों से बिजली उत्पादन
  • परिवहन: नदी मार्ग से माल ढुलाई
  • उद्योग: औद्योगिक उपयोग के लिए पानी
  • पेयजल: लाखों लोगों के लिए पीने का पानी

पारिस्थितिकी महत्व

  • जैव विविधता: नदियाँ अनेक जीव-जंतुओं का आवास
  • मिट्टी की उर्वरता: बाढ़ से उपजाऊ मिट्टी का जमाव
  • जलवायु नियंत्रण: जलवायु को संतुलित रखने में सहायक

भारत की प्रमुख नदी घाटियाँ

गंगा नदी बेसिन

  • क्षेत्रफल: लगभग 8.6 लाख वर्ग किमी
  • जनसंख्या: 65 करोड़ से अधिक
  • राज्य: 11 राज्यों से होकर गुजरती है

ब्रह्मपुत्र बेसिन

  • क्षेत्रफल: लगभग 5.8 लाख वर्ग किमी
  • विशेषता: बाढ़ प्रवण क्षेत्र

सिंधु बेसिन

  • क्षेत्रफल: लगभग 3.21 लाख वर्ग किमी (भारत में)
  • विशेषता: सिंचाई के लिए महत्वपूर्ण

भारत की नदियों से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य

  1. सबसे लंबी नदी (भारत में): गंगा (2,525 किमी)
  2. सबसे लंबी नदी (कुल लंबाई): सिंधु (3,180 किमी)
  3. सबसे गहरी नदी: ब्रह्मपुत्र (380 फीट गहराई)
  4. सबसे चौड़ी नदी: ब्रह्मपुत्र (वर्षा के मौसम में 10 किमी तक)
  5. दक्षिण की सबसे लंबी नदी: गोदावरी (1,465 किमी)
  6. सबसे छोटी नदी: अरवरी नदी, राजस्थान (90 किमी)
  7. सबसे पवित्र नदी: गंगा
  8. दुनिया का सबसे बड़ा नदी द्वीप: माजुली, असम (ब्रह्मपुत्र नदी में)
  9. सबसे साफ नदी: उमंगोट नदी, मेघालय

भारत की प्रमुख नदी परियोजनाएं

बांध और जलाशय

गंगा नदी पर:

  • तहरी बांध (उत्तराखंड) – भारत का सबसे ऊंचा बांध
  • फरक्का बैराज (पश्चिम बंगाल)

गोदावरी पर:

  • इंदिरा सागर बांध
  • पोचमपाद बांध

कृष्णा पर:

  • श्रीशैलम बांध
  • नागार्जुन सागर बांध

नर्मदा पर:

  • सरदार सरोवर बांध

महानदी पर:

  • हीराकुंड बांध – भारत की सबसे लंबी मिट्टी की बांध

कावेरी पर:

  • मेट्टूर बांध
  • कृष्णा राजा सागर बांध

नदी संरक्षण और चुनौतियां

प्रमुख चुनौतियां

  1. प्रदूषण: औद्योगिक और घरेलू कचरा
  2. जल स्तर में कमी: अत्यधिक दोहन
  3. बाढ़: मानसून के दौरान
  4. सूखा: पानी की कमी
  5. तटीय कटाव: नदी तटों का कटाव
  6. गाद जमाव: नदियों में मिट्टी का जमाव

संरक्षण प्रयास

नमामि गंगे योजना: गंगा नदी को स्वच्छ करने का राष्ट्रीय मिशन
नदी जोड़ो परियोजना: नदियों को आपस में जोड़ने की योजना
जल संरक्षण: वर्षा जल संचयन और पुनर्चक्रण

भारत की नदियों का भविष्य

जलवायु परिवर्तन और बढ़ती जनसंख्या के कारण भारत की नदियों पर दबाव बढ़ रहा है। हिमालयी ग्लेशियरों के पिघलने से भविष्य में पानी की आपूर्ति प्रभावित हो सकती है।

आवश्यक कदम:

  • जल संरक्षण को बढ़ावा
  • नदी प्रदूषण को रोकना
  • वर्षा जल संचयन
  • सतत विकास नीतियां
  • जनजागरूकता कार्यक्रम

निष्कर्ष

भारत की सबसे लंबी नदी कौन सी है – इस प्रश्न का उत्तर गंगा नदी है, जो 2,525 किलोमीटर की लंबाई के साथ भारत में पूरी तरह से बहने वाली सबसे लंबी नदी है। यद्यपि ब्रह्मपुत्र (2,900 किमी) और सिंधु (3,180 किमी) की कुल लंबाई अधिक है, लेकिन भारत में उनकी लंबाई क्रमशः 916 किमी और 1,114 किमी ही है।

भारत नदियों का देश है, जहाँ हिमालय से लेकर प्रायद्वीपीय पठार तक अनगिनत नदियाँ बहती हैं। ये नदियाँ न केवल जल स्रोत हैं, बल्कि भारतीय सभ्यता, संस्कृति और अर्थव्यवस्था की रीढ़ भी हैं।

गंगा, गोदावरी, कृष्णा, यमुना, नर्मदा, ब्रह्मपुत्र और अन्य प्रमुख नदियाँ लाखों लोगों के जीवन का आधार हैं। इन नदियों का संरक्षण और स्थायी प्रबंधन भारत के भविष्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।

प्रत्येक राज्य की अपनी प्रमुख नदी है जो उस क्षेत्र की जीवन रेखा है। उत्तर में गंगा, दक्षिण में गोदावरी, पूर्व में ब्रह्मपुत्र, और पश्चिम में नर्मदा – ये सभी मिलकर भारत को एक जीवंत और समृद्ध राष्ट्र बनाती हैं।

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